पारद तत्व द्वारा स्वर्ण निर्माण महामंत्र शाबर मंत्र विद्या

Admin

ओम चले चुलेचंडे कुमारिकयोरगंग् प्रविश्य यथा भूतंम् यथा भव्यंम् यथा भवति सत्यंम् दर्शय दर्शय भगवती मा विलम्बय विलम्बय ममाशांम् पूरय पूरय स्वाहा
Tags
3/related/default